सावित्रीबाई फुले का जन्म  जनवरी 1831 को नाशिक, महाराष्ट्र मे हुआ था

इन्होने, पति ज्योतिबा फुले से शिक्षा प्राप्त की और आगे चलकर सावित्रीबाई फुले महिला शिक्षा की अग्रदूत कहलाई 

सामाजिक विरोध और धमकियों का सामना करते हुए सावित्रीबाई फुले ने 1848 में पुणे में पहली महिला विद्यालय की स्थापना। 

इन्होने दलित महिलाओं और विधवाओं के शिक्षा के लिए "महिला मंडल" की स्थापना

सावित्रीबाई फुले ने छुआछूत का विरोध के लिए "सत्यशोधक समाज" की स्थापना की 

सावित्रीबाई फुले का विवाह ज्योतिबा फुले से 1848 में हुआ जो एक समाज सुधारक थे। 

 सावित्रीबाई फुले को (मरणोपरांत)  1852 में "भारत रत्न" और 2014 में "पद्म विभूषण" से सम्मानित  किया गया था 

सावित्रीबाई फुले का जीवन महिलाओं के लिए एक प्रेरणा है। उन्होंने दिखाया कि महिलाएं भी पुरुषों के समान शिक्षा और सामाजिक न्याय प्राप्त कर सकती हैं। 

10 मार्च को समाजसेवी सावित्रीबाई फुले की पुण्यतिथि मनाई जाती है।